Breaking News
पर्यटन और तीर्थ स्थलों से जुड़ेंगे आदर्श संस्कृत ग्राम, मुख्य सचिव ने दिए अहम निर्देश
पर्यटन और तीर्थ स्थलों से जुड़ेंगे आदर्श संस्कृत ग्राम, मुख्य सचिव ने दिए अहम निर्देश
टमाटर की कीमतों ने पकड़ी रफ्तार, एक महीने में दोगुने से ज्यादा बढ़े मंडी में भाव
टमाटर की कीमतों ने पकड़ी रफ्तार, एक महीने में दोगुने से ज्यादा बढ़े मंडी में भाव
उद्योगों के लिए नियामक नहीं, सहयोगी और सहभागी की भूमिका निभा रही राज्य सरकार- मुख्यमंत्री
उद्योगों के लिए नियामक नहीं, सहयोगी और सहभागी की भूमिका निभा रही राज्य सरकार- मुख्यमंत्री
इस्तांबुल एयरपोर्ट ने रचा इतिहास, हीथ्रो को पछाड़ बना दुनिया का सबसे कनेक्टेड एयरपोर्ट
इस्तांबुल एयरपोर्ट ने रचा इतिहास, हीथ्रो को पछाड़ बना दुनिया का सबसे कनेक्टेड एयरपोर्ट
ऑनलाइन गेमिंग में मुनाफे का झांसा देकर 1.77 करोड़ की ठगी, राजस्थान से आरोपी गिरफ्तार
ऑनलाइन गेमिंग में मुनाफे का झांसा देकर 1.77 करोड़ की ठगी, राजस्थान से आरोपी गिरफ्तार
दिग्गज फुटबॉलर पेड्रो रोड्रिग्ज ने फुटबॉल को कहा अलविदा, 39 की उम्र में खत्म किया शानदार सफर
दिग्गज फुटबॉलर पेड्रो रोड्रिग्ज ने फुटबॉल को कहा अलविदा, 39 की उम्र में खत्म किया शानदार सफर
नशामुक्त भारत अभियान के तहत विशेष शपथ अभियान अब 18 अक्टूबर तक
नशामुक्त भारत अभियान के तहत विशेष शपथ अभियान अब 18 अक्टूबर तक
सुबह मुनक्का खाना कितना फायदेमंद? जानें इसके पोषक तत्व और सेवन का सही तरीका
सुबह मुनक्का खाना कितना फायदेमंद? जानें इसके पोषक तत्व और सेवन का सही तरीका
जनपद में चिन्हित 12,127 परिसंपत्तियों में से 6,219 की मैपिंग पूरी
जनपद में चिन्हित 12,127 परिसंपत्तियों में से 6,219 की मैपिंग पूरी

आईएसबीटी की व्यवस्थाएं होंगी दुरुस्त, सुरक्षा और सुविधाओं पर फोकस – : बंशीधर तिवारी

आईएसबीटी की व्यवस्थाएं होंगी दुरुस्त, सुरक्षा और सुविधाओं पर फोकस – : बंशीधर तिवारी

आईएसबीटी के कायाकल्प को मिलेगी रफ्तार, यात्री सुविधाओं से लेकर सुरक्षा व्यवस्था होगी मजबूत

देहरादून। मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) में सोमवार को उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी की अध्यक्षता में आयोजित समीक्षा बैठक में आईएसबीटी परिसर के रेनोवेशन, संचालन, यात्री सुविधाओं, सुरक्षा, विद्युत व्यवस्था और व्यावसायिक गतिविधियों को बेहतर बनाने से जुड़े विभिन्न बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा हुई। बैठक में सामने आए सभी प्रस्तावों पर सहमति बनाते हुए संबंधित कार्यों को आगे बढ़ाने का निर्णय लिया गया। इसके साथ ही मॉल परिसर में हार्टिकल्चर और इंजीनियरिंग से जुड़े कार्यों को भी प्राथमिकता के आधार पर कराने पर सहमति बनी। बैठक में सचिव मोहन सिंह बर्निया सहित संबंधित अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।

किराये का होगा पुनर्निर्धारण
बैठक में आईएसबीटी परिसर की सभी दुकानों, कार्यालयों, रेस्टोरेंट और कियोस्क के किराये का पुनर्निर्धारण करने तथा लंबे समय से लंबित अनुबंधों का नवीनीकरण करने पर सहमति बनी। अधिग्रहण के बाद से लंबित इस प्रक्रिया को अब आगे बढ़ाया जाएगा। पुराने कियोस्क के स्थान पर नए कियोस्क का निर्माण लगभग पूरा हो चुका है। ऐसे में पुराने लाइसेंसधारियों को नए कियोस्क में स्थानांतरित करने की प्रक्रिया भी शुरू की जाएगी। बैठक में तय किया गया कि यदि टेंडर प्रक्रिया में समय लगता है तो किराये की नई दरों के आधार पर पुराने लाइसेंसधारियों को अस्थायी रूप से नए कियोस्क में स्थानांतरित किया जा सकेगा। साथ ही नए अनुबंधों में कड़े नियम और शर्तें शामिल की जाएंगी, ताकि कियोस्क किसी अन्य व्यक्ति को किराये पर देने अथवा व्यवसाय की प्रकृति बदलने जैसी स्थिति पर रोक लगाई जा सके।

भूतल पर बढ़ेंगी यात्रियों के लिए सुविधाएं
आईएसबीटी के भूतल का बेहतर उपयोग करने के लिए यूटीसी ऑफिस, यूनियन ऑफिस और हिमाचल रेस्ट रूम को प्रथम तल पर शिफ्ट करने पर भी सहमति बनी। इन कार्यालयों को ऊपर शिफ्ट किए जाने के बाद खाली होने वाले भूतल के स्थान का उपयोग यात्रियों की सुविधाओं को बढ़ाने के लिए किया जाएगा। वहीं प्रशासनिक कार्यालय में अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए पर्याप्त स्थान उपलब्ध नहीं होने के कारण इसे सामने स्थित रेस्टोरेंट नंबर-2 में शिफ्ट करने का निर्णय लिया गया। वर्तमान प्रशासनिक कार्यालय को सर्वर रूम और रिकॉर्ड रूम के रूप में उपयोग किए जाने की योजना पर भी बैठक में सहमति बनी।

आधुनिक होंगे शौचालय, बदलेगा प्लेटफार्म का फर्श
आईएसबीटी परिसर के शौचालयों का उच्च गुणवत्ता और तकनीकी मानकों के अनुरूप पुनर्निर्माण कार्य आगे बढ़ाया जाएगा। ए-ब्लॉक स्थित शौचालय का कार्य अंतिम चरण में है। शौचालयों के दुरुपयोग, तोड़फोड़ और चोरी को रोकने के लिए न्यूनतम उपयोग शुल्क निर्धारित करने पर भी सहमति बनी है। बैठक में आईएसबीटी के प्लेटफार्म का फर्श चरणबद्ध तरीके से बदलने का निर्णय लिया गया। इस कार्य के दौरान आवश्यकतानुसार व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को खाली कराया जाएगा। निर्माण अवधि में प्रतिष्ठान बंद रहने के समय का किराया समायोजित अथवा निर्धारित नियमों के अनुसार कम करने पर भी सहमति बनी।

आईएसबीटी में बनेगा ओला-ऊबर बूथ, कैब संचालन होगा व्यवस्थित
यात्रियों की सुविधा और सुरक्षित आवागमन को बेहतर बनाने के लिए आईएसबीटी परिसर में ओला-ऊबर सहित अन्य ऑनलाइन कैब सेवाओं के लिए निर्धारित बूथ विकसित किए जाएंगे। बैठक में इस व्यवस्था को लागू करने पर सहमति बनी। इसके लिए यात्री सुविधाओं और यातायात व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए उपयुक्त स्थान चिन्हित किया जाएगा। निर्धारित बूथ बनने से कैब बुक करने वाले यात्रियों को वाहन तलाशने में परेशानी नहीं होगी। साथ ही परिसर में अनावश्यक भीड़, जाम और अव्यवस्था की स्थिति को नियंत्रित करने में भी मदद मिलेगी। संबंधित अधिकारियों को इस व्यवस्था के लिए आवश्यक प्रक्रिया जल्द पूरी करने के निर्देश दिए गए।

पुलिस गश्त बढ़ेगी, पुरानी लाइट और केबल बदली जाएंगी
आईएसबीटी परिसर में शराबियों, जुआरियों और चोरी की घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए नियमित पुलिस गश्त सुनिश्चित कराने पर सहमति बनी। परिसर में कानून व्यवस्था बेहतर रखने के लिए पुलिस चौकी से नियमित सहयोग लिया जाएगा। इसके साथ ही आईएसबीटी परिसर में पुरानी हो चुकी स्ट्रीट लाइट, लाइट पोल और पावर केबल को चरणबद्ध तरीके से बदलने का निर्णय लिया गया। एसटीपी की निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए डीजी रूम से एसटीपी तक करीब 415 मीटर 35 एमएम² x 3.5 कोर आर्मर्ड एल्यूमिनियम एलटी पावर केबल और 400 मीटर 75 एमएम एचडीपीई पाइप उपलब्ध कराने की प्रक्रिया भी आगे बढ़ाई जाएगी।

निष्प्रयोज्य सामग्री का चरणबद्ध निस्तारण होगा
आईएसबीटी में चल रहे रेनोवेशन और पुनरुद्धार कार्य के दौरान निकल रही लोहा, टिनशेड सहित अन्य निष्प्रयोज्य सामग्री के निस्तारण पर भी बैठक में सहमति बनी। परिसर में सामग्री रखने के लिए पर्याप्त जगह नहीं होने से यात्रियों के आवागमन में परेशानी हो रही है। ऐसे में निष्प्रयोज्य सामग्री का चरणबद्ध तरीके से निस्तारण किया जाएगा, ताकि निर्माण कार्य के साथ यात्री आवागमन भी सुचारू बना रहे।

सौंदर्यीकरण को भी मिलेगी रफ्तार
बैठक के दूसरे चरण में मॉल परिसर में हार्टिकल्चर और इंजीनियरिंग से जुड़े कार्यों की समीक्षा की गई। मॉल परिसर के बाहर एनएचएआई कार्यालय हटाए जाने और नाले का निर्माण पूरा होने के बाद खाली हुए स्थल पर तारबाड़ और सौंदर्यीकरण कराने पर सहमति बनी। इससे अनावश्यक कब्जे, पार्किंग और गंदगी की समस्या को रोकने में मदद मिलेगी। इसके अलावा मॉल की तकनीकी व्यवस्थाओं की समीक्षा करते हुए चिलर सिस्टम को दुरुस्त करने का निर्णय लिया गया। चिलर सिस्टम में लगे कंडेनसर और इवापोरेटर मोटर पैनल की भी मरम्मत की जाएगी। वर्तमान में कार्यरत मोटरों के अलावा अन्य मोटरों के स्टार्टर पैनल में आवश्यक सामग्री और रिपेयरिंग का काम कराया जाएगा।

ड्रिंकिंग वाटर और पंप रूम की समस्या होगी दूर
मॉल परिसर में लगे आठ ड्रिंकिंग वाटर पैनलों को दुरुस्त करने पर सहमति बनी। खराब पैनलों को बदला जाएगा और संबंधित मोटरों की ओवरहॉलिंग कराई जाएगी। वहीं पंप रूम में जमीन से पानी आने और जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान के लिए डी-वाटरिंग पंप लगाया जाएगा। इसके साथ ही आवश्यक मरम्मत कार्य भी कराया जाएगा।

विद्युत कक्षों में जलभराव से मिलेगी निजात
मॉल में स्थित 11 केवी वैक्यूम सर्किट ब्रेकर रूम और रिंग मेन यूनिट रूम में तकनीशियनों की सुरक्षा को देखते हुए जलभराव की समस्या को दूर करने के लिए आवश्यक तकनीकी और सुरक्षा उपाय किए जाएंगे। इसके लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्यवाही आगे बढ़ाने के निर्देश दिए गए।

आईएसबीटी-मॉल का होगा कायाकल्प : बंशीधर तिवारी
एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने बताया कि आईएसबीटी और मॉल परिसर एमडीडीए की महत्वपूर्ण परिसंपत्तियां हैं। इन दोनों परिसरों में यात्रियों, आमजन और व्यवसायियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ व्यवस्थाओं को आधुनिक और व्यवस्थित करना हमारी प्राथमिकता है। बैठक में सभी महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा कर कार्यों को आगे बढ़ाने पर सहमति बनी है। आईएसबीटी में रेनोवेशन, शौचालय, प्लेटफार्म, प्रकाश व्यवस्था, सुरक्षा और विद्युत व्यवस्था से जुड़े कार्यों में तेजी लाई जाएगी। दुकानों, कियोस्क और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के किराये एवं अनुबंध भी नियमानुसार व्यवस्थित किए जाएंगे। मॉल परिसर की तकनीकी खामियां दूर करने और सौंदर्यीकरण पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा।

समयबद्ध होंगे सभी कार्य : मोहन सिंह बर्निया
एमडीडीए सचिव मोहन सिंह बर्निया ने कहा कि बैठक में आईएसबीटी और मॉल परिसर से जुड़े सभी चिन्हित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाने पर सहमति बनी है। आईएसबीटी में यात्री सुविधाओं, शौचालय, प्लेटफार्म, प्रकाश और विद्युत व्यवस्था के साथ सुरक्षा को बेहतर किया जाएगा। ओला-ऊबर बूथ, कियोस्क और कार्यालयों की व्यवस्थाओं को भी व्यवस्थित किया जाएगा। मॉल में चिलर सिस्टम, पंप रूम, ड्रिंकिंग वाटर पैनल और विद्युत व्यवस्था से जुड़ी समस्याओं का समाधान कराया जाएगा। संबंधित अधिकारियों को सभी स्वीकृत कार्यों की प्रक्रिया तेजी से पूरी करने और उन्हें समयबद्ध तरीके से धरातल पर उतारने के निर्देश दिए गए हैं।

Back To Top