Breaking News
स्वास्थ्य मंत्री से हुई वार्ता, चारों मांगों पर शीघ्र कार्यवाही का आश्वासन
स्वास्थ्य मंत्री से हुई वार्ता, चारों मांगों पर शीघ्र कार्यवाही का आश्वासन
डीएवी (पीजी) कॉलेज में 100 फीट ऊंचे राष्ट्रीय ध्वज का लोकार्पण
डीएवी (पीजी) कॉलेज में 100 फीट ऊंचे राष्ट्रीय ध्वज का लोकार्पण
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सुनीं जनसमस्याएं, अधिकारियों को त्वरित समाधान के दिए निर्देश
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सुनीं जनसमस्याएं, अधिकारियों को त्वरित समाधान के दिए निर्देश
दहेज हत्या में आरोपी पति व ननद पहुँचे सलाखों के पीछे
दहेज हत्या में आरोपी पति व ननद पहुँचे सलाखों के पीछे
यूपीसीएल कर्मचारियों को बड़ी राहत, प्रमोशन-स्थायीकरण को मिली मंजूरी, 190 पदों पर होगी भर्ती
यूपीसीएल कर्मचारियों को बड़ी राहत, प्रमोशन-स्थायीकरण को मिली मंजूरी, 190 पदों पर होगी भर्ती
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026- भारत के हर्ष सिंह का कमाल, जूडो में स्वर्ण पदक जीतकर बनाया नया रिकॉर्ड
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026- भारत के हर्ष सिंह का कमाल, जूडो में स्वर्ण पदक जीतकर बनाया नया रिकॉर्ड
उत्तराखंड की बेटी ने रचा इतिहास, जीता सारा जहां
उत्तराखंड की बेटी ने रचा इतिहास, जीता सारा जहां
शिकायती प्रकरणों पर अन्य विछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष संजय नेगी ने की सुनवाई
शिकायती प्रकरणों पर अन्य विछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष संजय नेगी ने की सुनवाई
एमडीडीए का अवैध प्लाटिंग और निर्माण पर बड़ा एक्शन, 4 बीघा की अनधिकृत कॉलोनी ध्वस्त, बहुमंजिला भवन सील
एमडीडीए का अवैध प्लाटिंग और निर्माण पर बड़ा एक्शन, 4 बीघा की अनधिकृत कॉलोनी ध्वस्त, बहुमंजिला भवन सील

उत्तराखंड के पर्वतीय जिलों में भूकंप से भूस्खलन का बढ़ता खतरा, रुद्रप्रयाग सबसे संवेदनशील

उत्तराखंड के पर्वतीय जिलों में भूकंप से भूस्खलन का बढ़ता खतरा, रुद्रप्रयाग सबसे संवेदनशील

आईआईटी रुड़की के विशेषज्ञों ने जिलावार जोनिंग कर दी भूस्खलन की संभावनाओं की चेतावनी

देहरादून। उत्तराखंड के चार प्रमुख पर्वतीय जिलों में भूकंप से भूस्खलन का जोखिम काफी अधिक पाया गया है। आईआईटी रुड़की के आपदा प्रबंधन और मानवीय सहायता उत्कृष्टता केंद्र के विशेषज्ञों ने पहली बार जिलावार अध्ययन कर इस खतरे का विश्लेषण किया है। उनका शोध 2 अगस्त को अंतरराष्ट्रीय जर्नल में प्रकाशित हुआ।

शोध में अक्षत वशिष्ठ, शिवानी जोशी और श्रीकृष्ण सिवा सुब्रमण्यम ने हिमालयी क्षेत्रों में भूकंप और भूस्खलन के संबंध का विस्तृत अध्ययन किया। उनका कहना है कि उत्तराखंड भूकंपीय दृष्टि से अत्यंत संवेदनशील है और यहां भविष्य में भूकंप से प्रेरित भूस्खलन बड़ी आपदा का कारण बन सकते हैं।

विशेषज्ञों ने पहली बार जिला-स्तरीय भूकंप-प्रेरित भूस्खलन जोखिम की जोनिंग तैयार की। इसमें भूकंपीय तीव्रता परिदृश्य और भूकंप की वापसी अवधि को ध्यान में रखा गया। अध्ययन के अनुसार रुद्रप्रयाग जिला सभी परिदृश्यों में सबसे अधिक संवेदनशील है, जबकि पिथौरागढ़, चमोली और उत्तरकाशी जिलों में भी भारी भूस्खलन की आशंका जताई गई है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top